भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच मेलबर्न में खेले गए तीसरे टेस्ट में भारत ने ऑस्ट्रेलिया को 137 रन से हराकर सीरीज़ में 2-1 की बढ़त बना ली है. टीम इंडिया के लिए ये ये शानदार जीत इसलिए भी ख़ास है क्योंकि भारत ने ऑस्ट्रेलिया में 40 साल बाद किसी टेस्ट सीरीज़ में 2-1 की बढ़त हासिल की है. इससे पहले उसने 1977-78 में हुई सीरीज़ में 2-1 की बढ़त हासिल की थी. हालांकि, बाद में भारत वो सीरीज़ 2-3 से हार गया था.

भारत ने ऑस्ट्रेलिया को 399 रन का मुश्किल लक्ष्य दिया था. आख़िरी दिन ऑस्ट्रेलिया ने अपनी पारी 8 विकेट पर 258 रन से आगे खेलना शुरू किया लेकिन पूरी टीम 89.3 ओवर में 261 बनाकर ऑल आउट हो गयी, आज के खेल में ऑस्ट्रेलिया सिर्फ़ तीन रन ही जोड़ पाया. इस तरह भारत ने ये टेस्ट 137 रन से जीता. 

भारत की 150वीं टेस्ट जीत

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भारत के लिए ये जीत कई मायनों में बेहद ख़ास है क्योंकि ये भारत की 150वीं टेस्ट जीत है. मेलबर्न में भारत ने पूरे 38 साल बाद कोई टेस्ट मैच जीता है. साल 1981 में सुनील गावस्कर की कप्तानी में भारत ने यहां टेस्ट मैच जीता था. इसी के साथ भारत पहली बार बॉक्सिंग-डे टेस्ट जीता है, इससे पहले हुए 7 मैच में से पांच में हारा था.

भारत की जीत पर सचिन ने दी बधाई 

बॉक्सिंग-डे टेस्ट जीतने पर सचिन तेंदुलकर ने ट्वीट कर टीम इंडिया को बधाई दी. उनके अलावा बीसीसीआई, हार्दिक पंड्या, रविचंद्रन अश्विन और वीवीएस लक्ष्मण ने भी टीम के प्रदर्शन को सराहा. 

बुमराह ने चटकाए इस साल सबसे अधिक विकेट

बुमराह ने मेलबर्न टेस्ट में 9 विकेट चटकाए. इसके साथ ही वो भारत के पहले फ़ास्ट बॉलर बन गए हैं जिसने ऑस्ट्रेलिया में किसी टेस्ट में इतने विकेट लिए हैं. बुमराह को इस उपलब्धि के लिए 'मैन ऑफ़ द मैच' चुना गया. इसी के साथ बुमराह इस साल भारत के लिए सबसे अधिक 48 टेस्ट विकेट लेने वाले गेंदबाज़ भी रहे. 

विराट ने की गांगुली की बराबरी

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मेलबर्न टेस्ट में जीत के साथ विराट कोहली ने कप्तान के तौर पर भारत से बाहर सबसे ज़्यादा टेस्ट जिताने के सौरव गांगुली के रिकॉर्ड की बराबरी कर ली है. गांगुली और कोहली ने विदेशी धरती पर 11-11 मैच जितवाए हैं. गांगुली ने 28 में से 11 जबकि कोहली ने 24 में 11 टेस्ट जीते हैं. 

ऋषभ पंत ने भी बनाया रिकॉर्ड

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भारतीय युवा विकेटकीपर ऋषभ पंत ने अभी तक हुए तीन टेस्ट मैचों में 20 कैच लपक लिए हैं. ये किसी भी भारतीय विकेटकीपर का किसी सीरीज़ में सबसे ज़्यादा कैच लपकने का रिकॉर्ड है. इससे पहले ये रिकॉर्ड संयुक्त रूप से सैयद किरमानी और महेंद्र सिंह धोनी के नाम था उन्होंने एक टेस्ट सीरीज़ में 17-17 कैच पकड़े थे.

इस साल टॉप पर रहे भारतीय गेंदबाज़

ये साल भारतीय क्रिकेट के लिए बेहद शानदार रहा है, ख़ासकर भारतीय गेंदबाज़ों के लिए. भारत की गेंदबाज़ी को हमेशा से ही कमज़ोर माना जाता रहा,  लेकिन 86 साल में पहली बार भारतीय गेंदबाज़ों ने इस साल खेले गए 14 टेस्ट मैचों ने सबसे ज़्यादा 247 टेस्ट विकेट लिए हैं. इस सूची में इंग्लैंड 13 टेस्ट में 213 विकेट के साथ दूसरे नंबर पर, श्रीलंका 197 विकेट के साथ तीसरे नंबर पर जबकि दक्षिण अफ़्रीका 186 विकेटों के साथ चौथे नंबर पर है.

भारत की इस शानदार जीत के साथ ही अब ये तय हो गया है कि भारत सीरीज़ नहीं हारेगा. 4 मैचों की इस सीरीज़ का आख़िरी टेस्ट 3 जनवरी से सिडनी में खेला जाएगा.