नीतू सिंह जिन्हें आज की पीढ़ी रणबीर कपूर की मां के तौर पर जानती है, अपने ज़माने की कामयाब अभिनेत्री रही हैं. शादी से पहले ऋषि कपूर और नीतू सिंह ने एक साथ कई फ़िल्मों में काम भी किया था. फ़िल्मों में उनकी केमिस्ट्री देखते ही बनती थी. दोनों ही अपने दौर के सुपरस्टार थे. एक उस दौर पसंदीदा हीरो, तो दूसरी उस ज़माने की ड्रीम गर्ल. इनकी लव स्टोरी भी काफ़ी इंटरेस्टिंग है. चलिए आज आपको बताते हैं कि कैसे इनका प्यार परवान चढा.

Source: Freepress

बात 70 के दशक की है जब नीतू सिंह इंडस्ट्री में नई-नई आई थी. वहीं, ऋषि कपूर पर लाखों लड़कियां अपनी जान छिड़कती थी. इनकी पहली मुलाकात फ़िल्म ज़हरीला के सेट पर हुई थी. यहां अकसर ऋषि कपूर नीतू से मस्ती-मजाक किया करते थे. नीतू उनकी तरफ आकर्षित तो थी, लेकिन वो ऋषि कपूर की लवर बॉय वाली इमेज के बारे में भी भली-भांति जानती थी.

नीतू से शेयर करते थे हर बात

Source: pinkvilla

तब तक नीतू, ऋषि की बेस्ट फ़्रेंड बन गई थी. वो नीतू से अपनी गर्लफ़्रेंड्स की छोटी से छोटी बात शेयर करते थे. ये सिलसिला यू हीं चलता रहा और ये दोनों एक दूसरे को पसंद करने लगे. फिर एक बार ऋषि कपूर को अपनी फ़िल्म की शूटिंग के सिलसिले में विदेश जाना पड़ा. यहां ऋषि कपूर का मन किसी भी काम में नहीं लग रहा था, रह-रहकर उन्हें नीतू की याद सता रही थी.

तब जाकर उन्हें एहसास हुआ कि वो नीतू से प्यार करने लगे हैं. इसके बाद उन्होंने तुरंत उन्हें एक टेलीग्राम लिखा. इसमें लिखा था- 'सिखणी बड़ी याद आती है.' ऋषि के टेलिग्राम को पढ़ने के बाद नीतू को एहसास हो गया कि वो भी उनसे प्यार करते हैं. ये बात उन्होंने तुरंत उस जमाने फ़ेमस डायरेक्टर यश चोपड़ा और उनकी पत्नी पैम चोपड़ा से शेयर की.

शादी करने से डरते थे ऋषि कपूर

लेकिन उस वक़्त भी ऋषि कपूर उनसे शादी करने से डर रहे थे. उन्होंने नीतू से साफ़-साफ़ कह दिया था कि वो उन्हें सिर्फ़ डेट करेंगे. नीतू ने भी उनकी इस शर्त को मान लिया. वहीं दूसरी तरफ़ नीतू सिंह की मां को ऋषि कपूर के साथ उनका बैठना-उठना पसंद पसंद नहीं था.

क्योंकि वो नहीं चाहतीं थीं कि उनकी बेटी के बारे में कुछ भी उल्टा-सीधा कहा जाए. इसलिए वो हमेशा नीतू के साथ उनके चचरे भाई को भेजा करती थी. 5 साल तक नीतू को डेट करने के बाद ऋषि कपूर ने उन्हें शादी के लिए प्रपोज़ किया. नीतू को इस बात से बहुत ख़ुशी थीं, लेकिन दूसरी तरफ़ उन्हें एक चिंता भी खाए जा रही थी.

Source: indiatimes

वो ये कि नीतू की शादी के बाद उनकी मां अकेली रह जाएंगी. उनकी इस परेशानी को ऋषि कपूर ने चुटकी बजाते ही दूर कर दिया. ऋषि ने उनसे कहा कि शादी के बाद वो उनके साथ रह सकती हैं. तब जाकर वो शादी के लिए तैयार हुई.

फ़िल्मी अंदाज़ में हुई थी सगाई

Source: jansatta

दोनों की सगाई की स्टोरी भी काफ़ी फ़िल्मी है. दरअसल, ऋषि कपूर दिल्ली में अपने एक रिश्तेदार की शादी में गए थे. यहां ऋषि की बहन ने नीतू की फ़ैमिली को भी इनवाइट कर दिया था. यहीं दोनों की फै़मिलीज़ ने उनकी सगाई करने का फ़ैसला किया. अब न तो ऋषि के पास सगाई करने के लिए अंगूठी थी और न ही नीतू के पास. तब ऋषि की बहन ने उन्हें अपनी अंगूठी दी और नीतू को एक डायरेक्टर ने अपनी रिंग दी थी. इस तरह उनकी सगाई हो पाई.

Source: koimoi

इसके बाद उनके परिवार दोनों की शादी करने की तैयारियों में जुट गए. चूकीं कपूर खानदान की परंपरा थी कि उनकी कोई भी बहू बॉलीवुड में काम नहीं करेगी, इसलिए नीतू सिंह ने भी अपने करियर को हमेशा के लिए अलविदा कह दिया. फिर 1980 में दोनों ने एक बिग फैट इंडियन वेडिंग सेरेमनी में शादी कर ली. आज ये दो बच्चों रिद्दिमा कपूर और रणबीर कपूर के प्राउड पेरेंट हैं. इनकी लव स्टोरी तमाम लोगों के लिए नज़ीर है, जो प्यार और शादी में विश्वास नहीं रखते.

Source: Timesofindia