दशकों से धरती पर एलियंस के अस्तित्व को लेकर चर्चाएं और अफ़वाहें हमारी दुनिया का अहम हिस्सा रही हैं. दुनिया के कई हिस्सों में रहस्यमयी यान या अजीबोगरीब आकृतियों से लोग रू-ब-रू होते रहे हैं, लेकिन आज भी इन जीवों को लेकर रहस्य बरकरार है और उनकी प्रामाणिकता को लेकर कुछ भी नहीं कहा जा सकता.

हाल ही में एक इंवेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट ने अपनी खोजी पत्रकारिता के माध्यम से इस मुद्दे को एक बार फ़िर हवा दे दी है.

ये रहस्यमयी आकृति पेरू के नाज़का में खोजी पत्रकार Jaime Maussan ने ढूंढ़ निकाली हैं. एलियंस का समर्थन करने वाले कई लोग इस फ़ुटेज को एक प्रूफ़ के तौर पर देख रहे हैं. एक शॉर्ट डॉक्यूमेंट्री में सेंट पीटर्सबर्ग यूनिवर्सिटी के एक प्रोफ़ेसर के मुताबिक, 'ये किसी तरह की विकृति नहीं है, बल्कि एक नए प्रकार का जीव है'.

तीन उंगलियों वाले इस रहस्यमयी जीव की बॉडी सफ़ेद रंग के पाउडर में ढकी हुई थी. इस पाउडर की मदद से ही बॉडी को सुरक्षित रखा जाता है. माना जा रहा है कि इस रहस्यमयी बॉडी के कार्बन सैंपल 245 से 410 AD के बीच हो सकते हैं, हालांकि इसे लेकर अभी तक कोई पुष्टि नहीं हुई है.

एलियंस के अस्तित्व का समर्थन करने वाले कई संस्थान इस वीडियो के सामने आने के बाद से काफ़ी उत्साहित हैं. Ancient Origins नाम की वेबसाइट के मुताबिक, 'किसी भी संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता और हमें इन चीज़ों को लेकर अपना दिमाग खुला रखना चाहिए'.

वहीं कुछ लोग ऐसे भी हैं, जो इसे सरासर झूठ और सस्ती लोकप्रियता का तरीका बता रहे हैं. यूएफओ इंवेस्टिगेशंस मैन्युएल के निगेल वॉटसन के मुताबिक, 'मेरे हिसाब से उंगलियों की हड्डियों के ढांचे पर एक प्लास्टर लगाने की कोशिश की गई है. ये नकली चीज़ें सिर्फ़ दिमाग का फ़ितूर होता है और जो लोग सस्ती लोकप्रियता चाहते हैं, वे ऐसी चीज़ों को सनसनीखेज़ बना कर पेश करते हैं'. विश्व कॉन्ग्रेस ऑन ममी स्टडीज़ ने इसे एक गैर-ज़िम्मेदार और गलत जानकारियों वाला कैंपेन बताया.

इस मुद्दे से जुड़ी कॉन्फ्रेंस को अटेंड करने के लिए लोगों से 300 डॉलर चार्ज किए जा रहे हैं और कई लोग इस रकम की वजह से भी इस पूरे कैंपेन को फ़ेक बताने से भी नहीं चूक रहे.

गौरतलब है कि इससे पहले जनवरी में एलियन हंटर्स की एक टीम ने दावा किया था कि उन्होंने पेरू के रेगिस्तान में एक विशालकाय एलियन के पंजे को देखा था.

Source: Metro