भारतीय सेना की आन-बान-शान हैं ये 20 वाहन, दुश्मन के छक्के छुड़ाने में करते हैं मदद

J P Gupta

इंडियन आर्मी की गिनती विश्व की दूसरी सबसे बड़ी सेना में की जाती है. इसे सक्रीय बनाए रखने के लिए बहुत से साजो-सामान की आवश्यकता होती है. भारतीय सेना इसके लिए विदेशों से हथियार और वाहन ख़रीदती है. आधुनिक तक़नीक से लैस ये वाहन भारतीय सेना को उसके कई ख़तरनाक ऑपरेशन्स को अंज़ाम तक पहुंचाने में मदद करते हैं. हालांकि, अब भारत दूसरे देशों के साथ मिलकर बहुत से वाहन अपने यहां डिज़ाइन करने लगा है. 

आइए जानते हैं ऐसे ही कुछ वाहनों के बारे में जो रणक्षेत्र में भारतीय सेना इस्तेमाल करती है.

1. अर्जुन MBT 

moddb

इसे Combat Vehicles Research And Development Establishment (CRVDE) ने डिज़ाइन किया है. ये भारत का मुख्य युद्धक टैंक है.

2. BMP-2 सारथ 

defenceforumindia

इसकी खोज सोवियत संघ ने की थी. भारत में इसे मेडक की ऑर्डिनेंस फ़ैक्टरी में बनाया जाता है. भारतीय सेना में करीब 900 BMP-2 तैनात हैं. 

3. BTR-50 

wikipedia

ये एक ऐसा बख्तरबंद वाहन है जिसे पैदल सैनिकों को युद्ध क्षेत्र तक पहुंचाने के लिए इस्तेमाल किया जाता है. इसे भी सोवियत संघ ने बनाया था. 

4. T-90S भीष्म और T-90M 

wikimedia

ये टैंक 125 125mm 2A46 Smoothbore टैंक गन से लैस होते हैं. इन्हें रूस से मंगाया गया है. इनकी ऑपरेशनल रेंज 700 किलोमीटर तक होती है. 

5. T-72 अजेय 

defenceforumindia

इस टैंक को सोवियत संघ से लाया गया था. ये DRDO Explosive Reactive Armour से लैस है. इसे तमिलनाडू के एक कारखाने में बनाया जाता है. 

6. NAMICA 

defencyclopedia

ये नाग मिसाइल कैरियर है. ये टैंक को नष्ट करने में सक्षम है. ये अपने साथ 12 मिसाइलों को लेकर जा सकता है, जिनमें से 8 को तुरंत फ़ायर किया जा सकता है. इसे भारत में ही बनाया गया है. 

7. DRDO Armoured Ambulance 

indiandefensenews

DRDO ने इसे बनाया है. इसमें घायल सैनिकों को तत्काल प्राथमिक उपचार मुहैया कराया जाता है. इसमें चिकित्सा से जुड़ी सभी सविधाएं मौजूद हैं. 

8. Hydrema 

bhp

लैंडमाइन्स को हटाने के लिए इस व्हीकल का प्रयोग किया जाता है. डेनमार्क में बने इस वाहन से 3.5 मीटर चौड़ी सुरंग आसानी से हटाई जा सकती है. 

9. आदित्य MVP

wikipedia

DRDO ने इसे बनाया है. इसे आतंकवाद-रोधी ऑपरेशन में लगे सैनिकों की सुरक्षा के लिए बनाया गया है. 

10. NBC Reconnaissance Vehicle 

wikimedia

DRDO और VRDE ने मिलकर इसका निर्माण किया है. ये न्यूक्लियर, बायोलॉजिकल और केमिकल विकारों का पता लगाने में सक्षम है. इसकी खोज जापान में हुई थी. 

11. PRP-3 

armyrecognition

ज़मीन पर लड़े जाने वाले युद्ध के लिए ये बेस्ट हैं. इनका प्रयोग सैन्य सर्वेक्षण के लिए भी किया जाता है. सोवियत संघ ने इन्हें खोजा था. 

12. Casspir 

wikipedia

ये एक लैंडमाइन निरोधी वाहन है. इसका प्रयोग जवानों को एक स्थान से दूसरे स्थान तक ले जाने के लिए किया जाता है. दक्षिण अफ़्रीका से इन्हें मंगाया गया है. 

13. Tarmour AFV 

defenceforumindia

इन्हें भारतीय सेना ने पुराने T55 टैंक को मोडिफ़ाई कर के बनाया है. इनमें लैंडमाइन्स को ख़त्म करने के लिए रोलर लगे होते हैं. 

14. DRDO दक्ष 

wikipedia

ये एक रोबोट है, जो बैटरी से चलता है. इसकी मदद से सेना बम खोज कर उन्हें डिफ़्यूज करती है. 

15. CMT 

wikimedia

इस Carrier Mortar Tracked को भारत में डिज़ाइन किया गया है. जल और थल दोनों में काम करने वाला ये कैरियर अपने साथ 108 मोर्टार के राउंड कैरी कर सकता है. 

16. TOPAS 2-A 

wikipedia

पहले इसका प्रयोग जल और थल दोनों जगहों पर सैनिकों को पहुंचाने के लिए किया जाता था. लेकिन अब ये एक टेक्निकल सपोर्ट वाहन बन गया है. इसे चेकोस्लाविया और पोलैंड ने मिलकर बनाया है. 

17. Bridge Laying Tank MT-55 

इस टैंक का उपयोग सेना पुल का निर्माण करने के लिए करती है. इसे सोवियत संघ से लाया गया है. 

18.सर्वत्र 

defenceforumindia

DRDO द्वारा बनाया गया ये वाहन पुल बनाने मे सक्षम है. इसे आप चलता-फिरता पुल भी कह सकते हैं. ये एक बार में 75 मीटर लंबा पुल बना सकता है. 

19. FV180 Combat Engineer Tractor 

military

युद्ध के मैदान में इसका इस्तेमाल पुल बनाने और ख़राब वाहनों को उठाने के लिए किया जाता है. इसे यूके से मंगाया गया है. 

20. WZT-2 

wikipedia

ये एक रिकवरी वाहन है. इसका इस्तेमाल ख़राब टैंक की मरम्मत करने के लिए किया जाता है.

भारतीय सेना की ताकत इन वाहनों से बढ़ती है. ये हमारी सेना की शान हैं.

Life से जुड़े दूसरे आर्टिकल पढ़ें ScoopWhoop हिंदी पर.

आपको ये भी पसंद आएगा
बेवफ़ा समोसे वाला: प्यार में धोखा मिला तो खोल ली दुकान, धोखा खाये लवर्स को देता है डिस्काउंट
जानिये दिल्ली, नई दिल्ली और दिल्ली-NCR में क्या अंतर है, अधिकतर लोगों को ये नहीं मालूम होगा
जानिए भारत की ये 8 प्रमुख ख़ुफ़िया और सुरक्षा जांच एजेंसियां क्या काम और कैसे काम करती हैं
मिलिए गनौरी पासवान से, जिन्होंने छेनी व हथोड़े से 1500 फ़ीट ऊंचे पहाड़ को काटकर बना दीं 400 सीढ़ियां
ये IPS ऑफ़िसर बेड़िया जनजाति का शोषण देख ना पाए, देखिए अब कैसे संवार रहे हैं उन लोगों का जीवन
अजय बंगा से लेकर इंदिरा नूई तक, CEO भाई बहनों की वो जोड़ी जो IIM और IIT से पास-आउट हैं