बकरीद के वक़्त आपने देश में पशु प्रेमियों को पैदा होते हुए देखा होगा. वही पशु प्रेमी, जो सोशल मीडिया पर भ्रामक वीडियोज़ और धर्म विशेष को निशाना बना कर अपना पशु प्रेम ज़ाहिर करने की कोशिश करते हैं. अगर आप सोचते हैं कि सभी पशु प्रेमी ऐसे ही होते हैं, तो दोस्त आपको Alfredo Meschi से मिलने की ज़रूरत है, जो पिछले 50 वर्षों से पशुओं के अधिकारों के लिए लड़ने के साथ ही लोगों को उनके प्रति जागरूक कर रहे हैं.

मछुवारों और शिकारी परिवार में पैदा हुए Meschi ने अपने इस अभियान में अपने शरीर को ही अपना हथियार बनाया है.

अपने शरीर पर उन्होंने टैटू के रूप में करीब 40 हज़ार से भी ज़्यादा क्रॉस के चिन्ह बनवाये हुए हैं, जो इस बात का प्रतीक हैं कि जानवर भी हमारे समाज का ही हिस्सा हैं.

जानवरों के अधिकारों के लिए लड़ने वाले Meschi अपने इस काम के लिए खुद को मैक्सिकन आर्टिस्ट ग्रुप Poner el Cuerpo और Sacar la Voz से प्रेरित बताते हैं, जिन्होंने सरकार की नीतियों का विरोध करने के लिए इसका प्रयोग किया था. 

Meschi का कहना है कि 'हम एक ऐसे समाज में रहते हैं, जो सिर्फ़ खुद के बारे में ही सोचता है. ऐसे में अगर हम अन्याय के ख़िलाफ़ आवाज़ उठाते हैं, तो ये भी बदलाव की ओर एक कदम है.'

Meschi आगे कहते हैं कि 'शुरुआत में इस अभियान से जुड़ते ही मैंने देखा कि मैं जानवरों को बचाने के बारे में भूल रहा हूं. ऐसे में उन्हें याद रखने के लिए अपने मैंने अपने शरीर को कैनवास की तरह इस्तेमाल किया.'

टैटू के अलावा भी Meschi कई तरह से लोगों को जागरूक करते रहे हैं, जिनमें फ़ोटोशूट भी शामिल है. ऐसे ही फ़ोटोशूट में वो कानों में कैटल टैग डाले हुए दिखाई दे रहे हैं.

Meschi का कहना है कि 'हम मॉडर्न आर्ट के युग में है. हमें इतिहास के सबसे बड़े बदलाव के लिए खुद को तैयार करना है, हमें धरती को मरने से बचाना है.'