कोलकाता के टीपू सुलतान शाही मस्जिद के इमाम, मौलाना नूरुल रहमान बरकाती एक बार फिर अपने बयान को लेकर विवादों में हैं. मौलाना बरकाती ने नया फ़रमान सुनाते हुए कहा है, कि अगर कोई मुस्लमान बीजेपी या आरएसएस से जुड़ता है, तो उसे इस्लाम धर्म से बेदखल कर पीटा जाएगा.

उन्होंने ये भी कहा कि, मुस्लमान लोग बीजेपी और संघ छोड़ कर किसी भी अन्य राजनीतिक पार्टी से जुड़ सकते हैं. वहीं मौलाना ने ये साफ़ कर दिया है, कि ये किसी तरह का फ़तवा नहीं, बल्कि चेतावनी है.

कोलकाता के प्रेस क्लब में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान भड़काऊ बयान देते हुए, मौलाना ने मस्जिदों के सामने 'जय श्री राम' मंत्रों का जाप करने वाले लोगों को हिजड़ा बताया. उन्होंने कहा कि अगर कोई भी मुसलमान बीजेपी या संघ जॉइन करता है, तो पहले उसे कड़ी सज़ा देकर इस्लाम धर्म से बाहर निकाल दिया जाएगा और फिर बुरी तरह मारा जाएगा.

रहमान बरकाती ने बंगाल का माहौल ख़राब करने के लिए बीजेपी और संघ को ज़िम्मेदार बताया है. ये बयान उन्होंने शब-ए-बाराक के मौके को देखते हुए दिया. उन्होंने कहा कि अगर बीजेपी संघ से दूरी बना ले, तो मुस्लिम समाज के लोग बीजेपी से जुड़ सकते हैं.

आरएसएस मुसलमानों पर हमला कर रहा है और इसलिए वे संगठन का हिस्सा नहीं हो सकते. प्रधानमंत्री के बारे में बोलते हुए बरकाती ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी को ये याद रखना चाहिए कि वो सिर्फ़ आरएसएस के कार्यकर्ता नहीं, बल्कि भारत के रक्षक हैं, उन्हें इस्लाम के ख़िलाफ़ नहीं बोलना चाहिए.Source : financialexpress