'कपूर खानदान' बॉलीवुड (Bollywood) की सबसे बड़ी फ़ैमली के तौर पर जानी जाती है. इस फ़ैमली की 5 पीढ़ियां 1928 से लेकर अब तक इंडियन फ़िल्म इंडस्ट्री से जुड़ी रही हैं. इस परिवार से सबसे पहले पृथ्वीराज कपूर ने बॉलीवुड में एक्टिंग की शुरुआत की थी. आज रणबीर कपूर तक आते-आते इस परिवार के क़रीब 30 लोग बॉलीवुड फ़िल्मों में काम कर चुके हैं.

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कपूर खानदान से निकले पहले एक्टर पृथ्वीराज कपूर थे. उन्होंने सन 1928 में 'दो धारी तलवार' फ़िल्म से बॉलीवुड में डेब्यू किया था. इसके बाद दूसरी पीढ़ी में पृथ्वीराज कपूर के तीन बेटों राज कपूर, शम्मी कपूर और शशि कपूर ने भी बॉलीवुड में ख़ूब नाम कमाया. तीसरी पीढ़ी में राजकपूर के तीन बेटों में से रणधीर कपूर और ऋषि कपूर सफ़ल अभिनेता रहे, लेकिन सबसे छोटे बेटे राजीव कपूर बॉलीवुड में सफ़ल नहीं हो सके.

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इसके बाद चौथी पीढ़ी में रणधीर कपूर की दोनों बेटियों करिश्मा कपूर और करीना कपूर आज बॉलीवुड की सुपरस्टार हैं. रणधीर कपूर की पत्नी बबीता भी अपने जमाने की मशहूर एक्ट्रेस रह चुकी हैं. ऋषि कपूर के बेटे रणबीर कपूर भी आज बॉलीवुड के बड़े स्टार हैं. ऋषि की पत्नी नीतू सिंह कपूर भी गुज़ारे ज़माने की मशहूर अदाकारा रह चुकी हैं. राजकपूर के सबसे छोटे बेटे राजीव कपूर ने शादी नहीं की.

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चलिए अब 'मेरा नाम जोकर' फ़िल्म ज़िक्र कर लेते हैं

बॉलीवुड के रियल शो मैन राजकपूर ने सन 1970 में 'मेरा नाम जोकर' फ़िल्म बनाई थी. ये फ़िल्म उनका 'ड्रीम प्रोजेक्ट' थी. इस फ़िल्म में ऋषि कपूर ने राजकपूर के बचपन का किरदार निभाया था. राजकपूर ने 'मेरा नाम जोकर' फ़िल्म बड़ी शिद्दत और भव्यता के साथ पेश की थी, लेकिन ये फ़िल्म बॉक्स ऑफ़िस पर बुरी तरह से फ्लॉप साबित हुई थी. ये फ़िल्म भले ही उस वक़्त फ़्लॉप साबित हुई, लेकिन ये आज भी बॉलीवुड की बेहतरीन फ़िल्मों में से एक है.

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इस फ़िल्म में 1 नहीं, बल्कि 2 इंटरवल थे

राजकपूर द्वारा निर्देशित 'मेरा नाम जोकर' हिंदी सिनेमा की पहली फ़िल्म थी जिसमें 1 नहीं, बल्कि 2 इंटरवल थे. ये फ़िल्म 4 घंटे 15 मिनट लंबी थी. ये आज भी बॉलीवुड की सबसे लंबी फ़िल्मों में से एक है. इस फ़िल्म को बनाने में राजकपूर को 5 से 6 साल लग गए थे. 'मेरा नाम जोकर' फ़िल्म का निर्माण RK Studios के अंतर्गत हुआ था.  

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पैसा पानी की तरह बहाया था

राजकपूर ने इस फ़िल्म के लिए पैसा पानी की तरह बहाया था. इसके लिए उन्हें अपनी पत्नी के गहने तक बेचने पड़े थे. फ़िल्म फ़्लॉप होने के बाद 'कपूर खानदान' बुरी तरह से कर्ज से डूब गया था. इस दौरान राजकपूर ने कर्ज से बाहर निकलने के लिए ऋषि कपूर को 'बॉबी' फ़िल्म से लांच किया. ख़ुशकिस्मती से ये फ़िल्म ज़बरदस्त हिट साबित हुई और इससे मिले पैसों से राजकपूर ने अपना कर्ज़ा उतारा था. 

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1 करोड़ रुपये के बजट में बनी थी

'मेरा नाम जोकर' फ़िल्म का बजट उस दौर में 1 करोड़ रुपये था. इस फ़िल्म ने बॉक्स ऑफ़िस पर 4 करोड़ रुपये की कमाई की थी. जबकि विदेशों में भी इसने 4 करोड़ रुपये की कमाई की थी. वर्ल्ड वाइड फ़िल्म का कलेक्शन कुल 8 करोड़ रुपये था. बावजूद इसके फ़िल्म फ्लॉप साबित हुई.  

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'मेरा नाम जोकर' भले ही बॉक्स ऑफ़िस पर हिट नहीं हो सकी, लेकिन ये आज भी बॉलीवुड की कल्ट फ़िल्मों में से एक है. राज कपूर ने ही इस फ़िल्म को डायरेक्ट और प्रोड्यूस की थी. इसके अलावा लीड रोल भी उन्होंने ने ही निभाया था.