इराक में सद्दाम हुसैन के मारे जाने के बाद से जो ISIS नाम का आतंकी संगठन पैदा हुआ है, उसका आतंक दिनों-दिन बढ़ता ही जा रहा है. ख़ासकर, ISIS वालों का यहूदियों के प्रति रवैया हद से ज़्यादा ख़राब है. उन्होंने इराक की धरती को यहूदियों के लिए पहले ही नर्क बना दिया था. वे लोग हज़ारों की संख्या में यहूदियों का कत्ल और यहूदी महिलाओं से बलात्कार करते आए हैं. लेकिन इस बार उन लोगों ने जो किया है, वो सारी मानवता को शर्मसार करने वाला है.

ISIS ने इस बार धोखे से एक यहूदी महिला को उसके बेटे का ही मांस खिला दिया. इस महिला को आतंकवादियों ने 'Sex Slave' बनाकर रखा था. इस बात का खुलासा एक इराकी सांसद ने Vian Dakhil को इन्टरव्यू देते हुए किया. इराकी सांसद ने खुल कर बताया कि किस तरह से वहां ISIS यहूदी नागरिकों पर ज़ुल्म कर रहे हैं.

सांसद ने पूरी घटना की जानकारी देते हुए बताया कि ISIS के लोग महिला के लिए एक प्लेट में चावल और मांस लेकर आए. महिला चूंकि तीन दिनों की भूखी थी, तो उसने तुरन्त वो मांस खा लिया. जब महिला ने पूरा खाना खा लिया, तब उन लोगों ने बताया कि हमने तुम्हारे एक साल के बेटे को ही पकाया था.

इस घटना को सुनने के बाद इन्टरव्यू लेने वाले Vian Dakhil तक अपने आंसू को नहीं रोक सके. ये घटना साबित करती है कि ISIS की बर्बरता कितनी बढ़ चुकी है. उस मां पर क्या गुज़री होगी, जिसे उसी के बेटे का मांस खिला दिया गया? इस घटना को देख कर ये कहना गलत नहीं लगता कि अब ISIS, इंसान होने का नैतिक अधिकार भी खो चुका है.

इराकी सांसद ने इस बेरहम आतंकवादी संगठन के एक और घृणित कारनामे का जिक़्र किया. उन्होंने कहा कि 'ISIS ने एक परिवार को क़ैद कर लिया. इस परिवार में 6 बहनें थी. उन्होंने सबसे छोटी 10 साल की लड़की को अपनी हवस का शिकार बनाया और मां-बाप के सामने बलात्कर करके मार डाला.'

ISIS के लोग यहूदियों को शैतान का प्रतीक मानते हैं और इसीलिए हमेशा उनके खिलाफ़ हिंसक कार्यवाही करते रहते हैं.

इराक की सरकार कमज़ोर है, वो कम से कम इस समय तो ISIS के विरुद्ध कोई ठोस कदम उठाने की स्थिति में नहीं है. इससे यही लगता है कि यहूदियों पर ज़ुल्म होना अभी जारी रहेगा, जब तक उनके खिलाफ़ कोई मज़बूत प्रतिद्वन्दी खड़ा नहीं होता है.

Article Source: Dailymail