लॉकडाउन ख़त्म हो चुका है, लेकिन कोरोना का क़हर अभी भी बरस रहा है. इसलिए कहीं की ट्रिप प्लान कर रहे हैं तो थोड़ी सावधानी से करिएगा. कहां जाएं? इसमें हम आपकी मदद कर सकते हैं क्योंकि हाल ही में भारत के 8 समुद्री तटों को ब्लू फ़्लैग मिला है. ऐसा पहली बार हुआ है जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत के समुद्री तटों को मान्यता मिली है. इसके साथ ही भारत भी उन 50 देशों की लिस्ट में शामिल हो गया, जिनके पास ये फ़्लैग है. आपको बता दें, ब्लू फ़्लैग की मान्यता दुनिया के सबसे साफ़-सुथरे समुद्र तटों को दी जाती है. 

चलिए जान लीजिए, क्या है ब्लू फ़्लैग?

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केंद्रीय पर्यावरण मंत्रालय ने रविवार को देश के एक या दो नहीं, बल्कि एक साथ 8 समुद्र तटों को ब्लू फ़्लैग की मान्यता दी. ये मान्यता 33 अलग-अलग मापदंडों के आधार पर समुद्री तटों की पड़ताल करके दी जाती है. इसे डेनमार्क की संस्था ‘फ़ाउंडेशन फ़ॉर एनवॉयरमेंट एजुकेशन’ (FEE) देती है, जो ग्लोबल स्तर पर बिना फ़र्क़ किए पूरी पारदार्शिता के साथ समुद्री तटों की पड़ताल करती है.

किन-किन तटों को मिली मान्यता?

1. शिवराजपुर (गुजरात)

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द्वारका के पास रुक्मणी मंदिर के उत्तर में 15 मिनट की दूरी पर स्थित समुद्र तट का साफ़ पानी और सफ़ेद रेत इसे परिपूर्ण बनाते हैं. यहां पर आप अपने परिवार के साथ घूमने के लिए जा सकते हैं. ये समुद्र तट औद्योगिक स्थलों और मेगासिटी से बहुत दूर है, जो इसे और स्थानीय पर्यावरण को स्वच्छ बनाता है.

2. घोघला (दीव)

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दीव के मुख्य शहर से लगभग 15 किमी दूर घोघला गांव में स्थित, ये समुद्र तट पर्यटकों के लिए हमेशा आकर्षण का केंद्र रहा है. आप यहां पर पैरासेलिंग और वॉटर स्कूटर जैसे एडवेंचर कर सकते हैं. समुद्र तट पर ज़्यादा भीड़ नहीं होती है इसलिए आप यहां पर शांति के कुछ पल बिता सकते हैं. साफ़ और सुरक्षित ये जगह उन लोगों के लिए बहुत सही है, जो अकेले में कुछ पल बिताना चाहते हैं.

3. कासरकोड (कर्नाटक)

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ये इको-समुद्र तट कर्नाटक में उत्तर कन्नड़ ज़िले के होन्नावर तालुक के पास स्थित है. पर्यटन और वन विभागों और कासरकोड ग्राम वन समिति द्वारा संयुक्त रूप से विकसित, समुद्र तट का उद्घाटन 2013 में किया गया था. यहां पर बच्चों के पार्क, नौका विहार सुविधा और अन्य कई जगह हैं जो इसे बेहतरीन बनाती हैं. 

4. कप्पड़ (केरल)

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कोझीकोड में कोइलॉन्डी के पास ये समुद्र तट चट्टानों और छोटी पहाड़ियों से घिरा है, जो इसकी सुंदरता को बढ़ाते हैं. यहां कभी-कभी प्रवासी पक्षी भी देखने को मिल जाते हैं. पिछले साल ही इस समुद्र तट में सफ़ाई, जॉगिंग ट्रैक का निर्माण, अंतरराष्ट्रीय मानकों के वॉशरूम, रेन शेल्टर और सौर पैनलों की स्थापना की गई थी.

5. रुशिकोंडा (आंध्र)

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ये समुद्र तट विशाखापत्तनम, आंध्र प्रदेश में बंगाल की खाड़ी के तट पर स्थित है और हर साल यहां बहुत अधिक संख्या में पर्यटक आते हैं. Vizagtourism.org.in के अनुसार, ये सुनहरी रेत और साफ़ लहरों और हरे भरे पौधों के लिए जाना जाता है. ये तैराकी, वॉटर स्कीइंग और विंडसर्फ़िंग जैसे वॉटर स्पोर्ट का भी घर है. अन्य सुविधाओं में बायो-टॉयलेट्स, शुद्ध पानी, पार्किंग की जगह, सौर उपचार सुविधाएं, साइनेज़, वॉकिंग और जॉगिंग ट्रैक भी हैं. 

6. गोल्डन (ओडिशा)

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पुरी के इस फ़ेमस समुद्र तट में टेस्टी खाने के साथ सुनहरी रेत भी देखने को मिलती है. ये उन तीर्थयात्रियों के बीच बेहद लोकप्रिय है, जो पास के जगन्नाथ मंदिर में दर्शन करने आते हैं. ब्लू फ़्लैग परियोजना के तहत, मेफ़ेयर होटल और गांधी पार्क के बीच लगभग 900 मीटर की दूरी पर, ताज़ा और साफ़ पानी, पब्लिक टॉयलेट्स और रहने के लिए बेहतरीन जगहों की सुविधा उपलब्ध है.

7. राधानगर (अंडमान)

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अंडमान में हैवलॉक द्वीप पर राधानगर को देश के सबसे अच्छे समुद्र तटों में से एक माना जाता है. इसे टाइम्स मैगज़ीन द्वारा दुनिया के सातवें सबसे अच्छे समुद्र तट और एशिया के सर्वश्रेष्ठ समुद्र तट का ख़िताब मिल चुका है. 

8. पदुबिद्री (कर्नाटक)

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ये समुद्र तट पदुबिद्री के छोटे शहर में स्थित है और उडुपी से मंगलौर के रास्ते पर पड़ता है. ये पदुबिद्री नागराज एस्टेट बस स्टॉप से ​​लगभग एक किलोमीटर दूर है. भीड़ से दूर ये शांति और सुकून से भरी जगह छुट्टियां बिताने के लिए बहुत सही है. मुख्य समुद्र तट के दक्षिण में, एंड पॉइंट है, जो कि 5.88 एकड़ में बना है, हाल ही में इसे पर्यटन विभाग द्वारा विकसित किया गया था, जिसमें नदी को साफ़ करना, वॉटर स्पोर्ट, जॉगिंग ट्रैक और बागवानी शामिल है. 

आपको बता दें, भारत को समुद्री तटों की सफ़ाई बनाए रखने के लिए ‘थर्ड इंटरनेशनल बेस्ट प्रैक्टिस’ अवॉर्ड भी मिला है. साथ ही भारत एशिया-पैसेफ़िक क्षेत्र में सिर्फ़ 2 साल के अंदर ‘ब्लू फ़्लैग’ का दर्जा हासिल करने वाला पहला देश भी बन गया है.