Unbelievable But True Facts : ये धरती कितनी अजीबो-ग़रीब और हैरान करने वाली है ये हमें तब पता चलता है जब कोई चौंकाने वाला तथ्य हमारे सामने आता है. सच में, इस दुनिया के बारे में जितना जानों उतना कम लगता है. वैसे क्या आपने कभी सुना है कोई पेड़ दूसरे पेड़ों को सिग्नल भेजता या कोई जानवर बिना संभोग के ही बच्चे पैदा कर सकता है, अगर नहीं, तो हम इस लेख में आपको वो दिलचस्प फ़ैक्ट्स बताने जा रहे हैं, जो आपके होश उड़ाकर रख देंगे.   

आइये, लेख में आगे बढ़ते हैं और जानते हैं दुनिया से जुड़ी कुछ रोचक (Unbelievable But True Facts) बातें.    

1. बबूल का पेड़ अन्य बबूल के पेड़ों को सिग्नल भेजता है  

Acacia
Source: britannica

Unbelievable But True Facts About World: जानकर हैरानी होगी कि बबूल का पेड़ जिसे अंग्रेज़ी में Acacia कहा जाता है, अगर कोई जानवर इसकी अधिक चराई कर ले, तो वो आसपास के अन्य बबूल के पेड़ों को सिग्नल भेज देता है, जिससे अन्य पेड़ों की पत्तियां जानवरों के लिए घातक हो जाती हैं. 

इस सिग्नल को Ethylene कहा जाता है और इसके मिलने पर 5 से 10 मिनट में पेड़ की पत्तियां टैनिन (एक प्रकार का रसायन) का स्तर बढ़ाकर ज़हरीली हो जाती हैं. जानकारी के अनुसार, ये सिग्नल 50 यार्ड तक ट्रैवल कर सकता है.   

2. Saturn की रिंग से भी पुराना है शार्क का अस्तित्व  

shark
Source: divemagazine

Saturn यानी शनी ग्रह का अस्तित्व 4.5 Billion साल पुराना बताया जाता है, लेकिन वैज्ञानिकों ने ये अनुमान लगाया कि इस ग्रह की रिंग का निर्माण क़रीब 10 से 100 मिलियन साल पहले हुआ था. वहीं, शार्क का विकास 450 मिलियन साल पहले शुरू हुआ था. ऐसे में कहा जा सकता है कि Saturn की रिंग से भी पुराना है शार्क का अस्तित्व.

3. सूंघने के मामले में इंसान और शार्क  

rain
Source: samacharlive

Unbelievable But True Facts About World: पानी में खून को सूंघने वाली शार्क की तुलना में इंसान बेहतर ढंग से पहली बारिश की बूंद को सूंघ सकता है. दरअसल, पहली बारिश की जो ख़ास गंध (Geosmin) होती है, वो एक रसायन होता है, जो Streptomyces नामक बैक्टीरिया द्वारा जारी किया जाता है. वहीं, मजबूत सूंघने की शक्ति होने बावजूद इंसान Geosmin को अच्छी तरह सूंघ सकता है. इंसान Geosmin के 1 ट्रिलियन पार्ट में से 100 को सूंघ सकता है. वहीं, शार्क पानी में ख़ून की गंध के 1 मिलियन पार्ट में से सिर्फ़ एक को ही सूंघ सकती है.

4. ऑस्ट्रेलिया चंद्रमा से भी चौड़ा है 

Australia
Source: mining

चंद्रमा का व्यास लगभग 3,600 किलोमीटर या 2,237 मील है. वहीं, ऑस्ट्रेलिया का व्यास लगभग 4,000 किलोमीटर या 2,486 मील है यानी ये चंद्रमा से भी चौड़ा है.   

5. तितलियां ब्लड, गोबर और सड़ने वाले पदार्थ से भी पोषक तत्व चूस सकती हैं 

butterfly
Source: rcannon992

तितलियां (ख़ासकर मेल बटरफ़्लाई) न केवल फूलों से रस चूसती हैं, बल्कि वो ख़ून, पसीने, गोबर या सड़ने वाले पदार्थ से भी पोषक तत्व (जैसे सोडियम और अमीनो एसिड) को चूस सकती है. मेल बटरफ़्लाई मेटिंग के दौरान इन पोषक तत्वों को फ़ीमेल बटरफ़्लाई में ट्रांसफ़र कर देते हैं. इस प्रक्रिया को Puddling के नाम से जाना जाता है. 

6. बिना संभोग के मादा कोमोडो ड्रैगन अंडे दे सकती है  

komodo dragon
Source: kids.nationalgeographic

2006 में, दो यूरोपीय चिड़ियाघरों के कर्मचारियों को तब झटका लगा जब दो मादा कोमोडो ड्रेगन ने नर के संपर्क के बिना ही अंडे दे डाले.   

7. फ़ायर हाइड्रेंट का मूल पेटेंट आग में जल गया था 

fire hydrant
Source: kxnet

Unbelievable But True Facts About World: जानकार हैरानी होगी कि 1836 में, वाशिंगटन डीसी में अमेरिकी पेटेंट कार्यालय Fire Hydrant के पेटेंट सहित हज़ारों रिकॉर्ड के साथ जल गया था. बहुत से लोग मानते हैं कि हाइड्रेंट के आविष्कारक फिलाडेल्फिया वाटर वर्क्स के चीफ़ इंजीनियर फ्रेडरिक ग्रेफ़ थे, लेकिन रिकॉर्ड जलने की वजह से इस बात पर ज़ोर नहीं दिया गया. वहीं, 8 सितंबर 1838 को जॉन जॉर्डन को एक नया पेटेंट जारी किया गया था.   

8. ‘Twister’ यूएस में डीवीडी पर रिलीज़ होने वाली पहली फ़िल्म थी 

twister
Source: rottentomatoes

Tornado पर बनी 1996 की फ़िल्म 'Twister' यूएस में आधिकारिक तौर पर डीवीडी पर रिलीज़ होने वाली पहली फिल्म थी.  

9. कछुए का खोल उसके Skeleton का हिस्सा है   

tortoise
Source: galapagoscenter

अगर कोई ये सोचता है कि जिस तरह इंसान कपड़े उतार सकते हैं, उसी तरह एक कछुआ अपना खोल उतार सकता है, तो ये ग़लत है. दरअसल, कछुए का खोल उसके Skeleton का ही हिस्सा है, ख़ासकर Rib Cage, Sternum और Vertebrae. इसका मतलब ये हुआ कि कछुआ ख़ुद से अपने खोल से बाहर नहीं निकल सकता है.   

10. सबसे पुराना लकड़ी का पहिया  

wheel
Source: rd

Unbelievable But True Facts About World: दुनिया का सबसे पुराना लकड़ी का पहिया लगभग 5,000 से अधिक वर्ष पहले का है.