अफ़ग़ानिस्तान एक ऐसा देश है जहां महिलाओं की स्थिति काफी दयनीय है. हालांकि, ये स्थिति 1996 से लेकर 2001 तक तो यहां महिलाओं की स्थिति नरक जैसे थी. इस दौरान अफ़ग़ानिस्तान पर तालिबानियों का शासन था. तालिबान ने यहां शरिया क़ानून लागू करके महिलाओं की ज़िन्दगी को जहन्नुम बना दिया था. इसी कारण से अफ़ग़ानिस्तान महिलाओं के लिए नरक था. लड़कियों और महिलाओं की आज़ादी पूरी तरह से छीन ली गई थी.

उस समय महिलाओं पर तरह-तरह की पाबंदियां लगा दी गईं थी. जैसे औरतों के लिए बुर्का पहनने का फरमान जारी कर दिया था, साथ ही टीवी, म्यूजिक, सिनेमा पर पाबंदी लगा दी गई थी. यहां तक कि दस साल से ज्यादा उम्र की लड़कियों पर स्कूल जाने पर रोक लगा दी गई थी. अफ़गानी महिलाओं से किसी भी तरह की नौकरी करने की आजादी छें ली गई थी. यहां तक कि२ अगर कोई भी महिला या लड़की इन पाबंदियों का विरोध कर आज़ाद होने की कोशिश करती तो उसे बेरहमी से पीटने और मारने की सज़ा दी जाती थी. महिलाओं की ऐसी स्थिति को देखने के बावजूद वहां का क़ानून शिथिल था.

वैसे तो 15 साल पहले ही अफ़ग़ानिस्तान को तालिबान से आज़ादी मिल गई, लेकिन तालिबानी शासन के ख़त्म होने के 15 साल बाद भी लड़कियों को वो आज़ादी नहीं मिली है, जो यहां के लड़कों को है.

मगर आज हम आपको ये बताने जा रहे हैं कि अफ़ग़ानिस्तान और अफ़गानी महिलाओं की स्थिति हमेशा से ऐसी नहीं थी. एक ज़माना था जब यहां की लड़कियां, लड़कों से ज्यादा आगे थीं. गौरतलब है कि भले ही वर्तमान में भले ही यहां की औरतें बिना परदे के बाहर नहीं निकलती हैं, लेकिन 1960 के दशक में अफ़गानी महिलाओं की लाइफस्टाइल बहुत ही ग्लैमरस था. उस समय की अफ़गानी महिलायें बिंदास हुआ करती थीं. वो स्कूल जाती थीं, वो जॉब करती थीं, वो मॉडर्न कपड़े पहनती थीं, उनको किसी के सामने पर्दा नहीं करना पड़ता था. आपको बता दें कि 1960 से लेकर 1980 के दशक में अफ़ग़ानिस्तान में फैशन शोज़ हुआ करते थे और अफ़गानी मॉडल्स इसमें बढ़-चढ़ कर हिस्सा लेती थीं. आपको बता दें कि अफ़ग़ानिस्तान को एशिया का पेरिस कहा जाता था. हर फील्ड में आगे थीं यहां कि महिलायें. चाहे मेडिकल हो या एयरोनॉटिकल, अफ़गान महिलाएं हर जगह अपनी सीट पक्की कर चुकी थीं. यहां अफ़गानी लड़के-लड़कियां थिएटर और यूनिवर्सिटी में साथ घूमते थे.

आज हम आपको अफ़ग़ानिस्तान के उसी दौर की कुछ फ़ोटोज़ दिखा रहे हैं, जिसमें महिलाओं को थी पूरी आजादी.

1. ग्रूवी फैशन शो में हिस्सा लेती अफ़ग़ानी मॉडल.

2. बेहद ग्लैमरस लाइफस्टाइल थी अफ़ग़ान महिलाओं की.

3. अफ़ग़ानी मॉडल्स को लोग बहुत पसंद करते थे.

4. ट्रेडिशनल परिधान में अफ़ग़ानी महिला.

5. फैशन शो में रैंप पर वॉक करती मॉडल.

6. बिंदास अंदाज़ में बैठी महिला.

7. दुनिया की सबसे ऊंची बुद्ध की प्रतिमा को तालिबान ने साल 2000 में तोड़ दिया था.

8. अफ़ग़ानिस्तान में विदेशी मॉडल.

9. ऑफिस में काम करती महिला.

10. अफ़ग़ानिस्तान का पारंपरिक परिधान.

11. एविएशन में भी अपना सिक्का जमा चुकी थीं अफ़ग़ानी महिलायें.

12. कितने सुकून के साथ कड़ी है ये औरतें.

13. अफ़ग़ानी सिंगर्स का ग्रुप.

14. मेडिकल साइंस में भी ख़ास जगह थी अफ़ग़ानी महिलाओं की.

15. इस दौर में अफ़ग़ान महिलाओं पर किसी भी काम को करने पर कोई रोक-टोक नहीं थी.

16. इस दौर में महिलाओं और पुरुषों को एक सामान समझा जाता था.

17. कभी ये हुआ करती थी दुनिया की सबसे ऊंची बुद्ध भगवान की मूर्ति.

18. उस समय नहीं थी बुरखा पहनने की प्रथा.

इन फ़ोटोज़ को देखने के बाद ये कहना गलत नहीं होगा कि तालिबान के कहर बरपाने से पहले अफ़ग़ानिस्तान में लोगों की ज़िन्दगी बहुत खुशनुमा थी.

Source: bhaskar