एक दौर था जब इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का मतलब दूरदर्शन था, तब टीवी पर ख़बरों को देखने का ज़रिया सिर्फ़ दूरदर्शन था. डीडी न्यूज़ पर ख़बरों को काफ़ी अलग अंदाज़ में पेश किया जाता था. इसके अलावा उनके एंकर्स का स्टाइल भी सादगीभरा, पर ज़बरदस्त होता था. अपनी मनमोहक स्टाइल से लोगों को दिल जीतने वाले ये एंकर्स अब कैसे दिखते हैं, देखना चाहओगे.

1. सलमा सुल्तान

सलमा एक ऐसी एंकर्स थीं, जिन्होंने बालों में गुलाब लगा कर न्यूज़ पढ़ने का ट्रेंड शुरू किया था. न्यूज़ पढ़ने के इनके अनोखे स्टाइल ने सभी दर्शकों का दिल जीत लिया था. आज भी सलमा के चेहरे पर वो चमक देखी जा सकती है.

2. रामू दामोदरन

रामू कैमरे के सामने आने से पहले कभी स्क्रिप्ट नहीं पढ़ते थे. मीडिया की जॉब छोड़ने के बाद वो प्रधानमंत्री पी.वी. नरसिंह राव के पर्सनल सेक्रेटरी बन गए थे.

3. तेजेश्वर सिंह

तेज़ेश्वर 80's और 90's के इंग्लिश न्यूज़ रीडर थे और इनके चेहरे की दाढ़ी ही इनकी पहचान बन गई थी.

4. गीतांजलि अय्यर

गीतांजलि दूरदर्शन की ज्ञानी और ख़ूबसूरत एंकर्स में से एक थी, जिस वजह से दर्शकों के बीच उनकी एक अलग पहचान थी.

5. रिनी सिमोन खन्ना

रिनी अपने हेयर कट और वॉयस ओवर के लिए जानी जाती थी. रेडियो से अपने करियर की शुरूआत करने वाली रिनी ने 1985 में दूरदर्शन जॉइन किया था. इसके अलावा वो कई सेमिनॉर्स में भी एंकरिंग कर चुकी हैं.

6. नीति रविंद्रन

नीति दूरदर्श के गोल्डन डेज़ की गवाह हैं और वो स्क्रीन पर एक प्रेंसटेबल एंकर्स में शुमार थीं. स्पेशल प्रोग्राम के अलावा वो शॉर्ट फ़िल्मस और डॉक्यूमेंट्री के लिए भी काम करती थीं.

7. उषा अल्बुकर्क

उषा दूरदर्शन की इंग्लिश न्यूज़ एंकर थी. एंकरिंग के साथ-साथ वो कई मैगज़ीन के लिए भी लिखती थीं.

8. शमी नांरग

100,000 कैंडिडेट्स में से दूरदर्शन की एकंरिंग के लिए शमी को चुना गया था. हाई क्वालिटी वॉइस ओवर और उनका यूनिक स्टाइल सभी को ख़ूब पसंद था.

9. सरला माहेश्वरी

सरला किसी बॉलीवुड अदाकारा से कम नहीं लगती थीं, उनकी पर्सनालिटी में काफ़ी ग्रेस था, जब सरला न्यूज़ रीडिंग करती थीं, दर्शक चाह कर भी चैनल नहीं बदल पाते थे.

10. वेद प्रकाश

वेद प्रदाश भी दूरदर्शन के जानें-मानें एंकर थे. इसके साथ ही वो ‘Student Today’ के चीफ़ थे. वो ऑर्टिकल लिखने का भी शौक रखते थे.

11. प्रवण रॉय

प्रवण दूरदर्शन पर 'The News Tonight' और 'The World This Week' शो होस्ट करते थे, जिसे इंडिया के पांच बेस्ट प्रोग्राम के लिए भी नॉमिनेट किया गया था.

आज की मीडिया और एंकर्स काफ़ी बदल चुके हैं, लेकिन दूरदर्शन के एंकर्स का न कोई मुकलबा था और न ही हो पाएगा.