बीते बुधवार को बेंगलुरु के चिन्नास्वामी स्टेडियम में भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच सीरीज़ का दूसरा T-20 मैच खेला गया, लेकिन विराट, राहुल और धोनी की शानदार परियों पर ग्लेन मैक्सवेल का शतक भारी पड़ा. मैक्सवेल ने 55 गेंदों में ताबड़तोड़ 113 रनों की नाबाद पारी खेलकर अपनी टीम को शानदार जीत दिलाई.  

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भले ही भारत ये मैच हर गया हो, लेकिन महेंद्र सिंह धोनी ने सबका दिल जीत लिया. मात्र 23 गेंदों पर 40 रनों की महत्वपूर्ण पारी खेलने वाले धोनी ने एक बार फिर साबित कर दिया कि मैदान पर उनका कोई मुक़ाबला ही नहीं है. धोनी चाहे विकेट के पीछे हों या फिर आगे उनकी चतुराई और फ़ुर्ती देखने लायक होती है.  

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कल के मैच में भी ऐसा ही कुछ देखने को मिला. भारतीय पारी का 11वां ओवर था, क्रीज़ पर 37 साल के धोनी ऑस्ट्रेलिया के युवा विकेटकीपर पीटर हैंड्सकोम्ब को छका दे रहे थे. स्पिनर एडम जैम्पा की एक गेंद को उड़ाने के चक्कर में धोनी क्रीज़ से काफ़ी आगे निकल चुके थे, गेंद विकेटकीपर गल्ब्ज़ में थी और धोनी को स्टंप आउट होने से बचना था.  

बस फिर क्या था, वही हुआ जिसके लिए धोनी जाने जाते हैं. विकेटकीपर हैंड्सकोम्ब कुछ समझ पाते इससे पहले धोनी 2.14 मीटर की स्ट्रेच लगाकर आ गए क्रीज़ के अंदर. ये इतना भी आसान नहीं है, लेकिन ऐसा सिर्फ़ धोनी ही कर पाते हैं.  

पाकिस्तानी कप्तान सरफरज़ अहमद ने भी एक बार ऐसी ही कोशिश की थी, लेकिन क्रीज़ में वापस आना तो दूर वो ख़ुद को ही घायल कर बैठे थे.   

आख़िर धोनी की इस फ़ुर्ती का राज़ क्या है? 

धोनी जल्द ही किसी रबर कंपनी के ब्रांड अम्बेस्डर बनने वाले हैं.  

ये हैं दीपा कर्माकर धोनी  

ये देखकर तो यही लग रहा है कि धोनी 37 के नहीं, बल्कि अब भी 17 के ही हैं  

इस मैच में शानदार जीत के साथ ही ऑस्ट्रेलियन टीम दो मैचों की T-20 सीरीज़ 2-0 से जीत चुकी है. वनडे सीरीज़ का पहला मैच 2 मार्च को हैदराबाद में खेला जाएगा.