सोशल मीडिया पर कब क्या वायरल हो जाये, कुछ कहा नहीं जा सकता. फ़ेसबुक, ट्विटर और Messaging App WhatsApp लोगों पर इस कदर हावी हो चुके हैं कि इस पर फैलाये जानी वाली फ़ेक ख़बरों पर भी बहुत से लोग आंख मूंद कर भरोसा कर लेते हैं. देश में हुई कई हिंसाओं की वजह फ़ेसबुक पर फैलायी गईं फ़ेक न्यूज़ ही है.

सोशल मीडिया पर यूज़र जो चाहे, वो Upload कर सकते हैं. फ़ेसबुक पर कई बार Rape, Sexual Assault, Molestation आदि के वीडियोज़ Upload या Live Stream किए जाते हैं. Twitter पर किसी के भी खिलाफ़ ग़लत भाषा का प्रयोग कर, नफ़रत फैलाने की कोशिश की जाती है. Twitter और Instagram पर कई बार अभिनेत्रियों को उनके कपड़ों के लिए बुरी तरह Troll किया गया है. कई बार अपनी बात रखने के लिए लेखिकाओं और चर्चित शख़्सियतों को Gang Rape की धमकियां दी जाती हैं.

एक Multi National Company, DDI World में Senior HR Professional Ashish ने कश्मीरी मुस्लिम महिलाओं को अपशब्द कहे.

मुझे बहुत अच्छा लगता है जब कश्मीरी मुस्लिम औरतें सड़कों पर ये मासूम था, ये बेगुनाह चिल्लाती हैं. हम अपनी मर्ज़ी से तुम्हें मार रहे हैं, तुम्हे अपंग बना रहे हैं और तुम्हारा रेप कर रहे हैं. अब ज़ोर से चिल्लाओ आज़ादी.

एक अन्य ट्वीट में उसने कहा,

इन्हें आर्थिक तौर पर अपंग बना दो ताकि फिर वो अपना पेट पालने के लिए अपनी बेटियों और पत्नियों को दिल्ली, मुंबई, चेन्नई में बेचने पर मजबूर हो जायें.

Ashish के ट्वीट्स देखकर सोशल मीडिया यूज़र्स का गुस्सा फूट पड़ा. बहुत से यूज़र्स ने उसकी कंपनी, DDI World को भी Tag किया.

एक यूज़र ने LinkedIn को भी ट्वीट कर इस शख़्स की Professional Identity को Manage न करने की हिदायत दी.

DDI World एक इंटरनेश्नल फ़र्म है, जो दुनियाभर की कंपनियों को Leadership Tools Provide करती है. इस कंपनी ने यूज़र्स की बात पर ग़ौर किया और Ashish Kaul को नौकरी से निकाल दिया. DDI World ने अपनी वेबसाइट पर ये जानकारी दी,

'11 मई को DDI को सूचित किया गया कि भारत में Consultant के तौर पर काम करने वाला एक कर्मचारी सोशल मीडिया पर कश्मीर क्षेत्र के बाशिंदों के खिलाफ़ अपशब्द कह हैं.

हमें Posts पढ़कर दुख हुआ. ये हमारे Missions और Values का हिस्सा नहीं है. हमने तुरंत उस कर्मचारी को नौकरी से निकाल दिया और इस पूरे मामले की जांच शुरू कर दी.

कर्मचारी के Views उसके अपने हैं और उससे कंपनी का कोई संबंध नहीं है. DDI किसी भी समस्या का शांतिपूर्ण तरीके से निवारण करने में विश्वास रखता है.

हम इस घटना की कड़ी निंदा करते हैं.'

The Kashmir Press के अनुसार, जम्मू-कश्मीर पुलिस ने भी Ashish पर FIR दर्ज कर ली है. CRPC के सेक्शन 505(1), 66 IT Act के तहत उस पर कार्रवाई की जाएगी.

Ashish Kaul का ट्विटर अकाउंट अब ट्वीटर पर मौजूद नहीं है.

DDI World ने जो किया, वो सराहनीय है. फ़ेसबुक और ट्विटर पर मुंह उठाकर लोग किसी के लिए कुछ भी कह देते हैं, वो भी बेमतलब. अब नफ़रत फैलाने वालों को एक अच्छा सबक मिलेगा और वो कुछ भी बोलने से पहले एक दफ़ा ज़रूर सोचेंगे.