सत्तू (Sattu) को यूपी और बिहार में बड़े ही चाव से खाया जाता है. कुछ लोग इसका बीड़ा बनाकर खाना पसंद करते हैं तो कुछ शरबत. इसकी सोंधी महक बहुत ही टेंपटिंग होती है. गर्मियों में सत्तू का इस्तेमाल कर आप लू और गर्मी के प्रकोप से बच सकते हैं. ग़रीब लोगों का खाना कहलाने वाले इस फ़ूड ने अमीरों की थाली में भी जगह बना ली है.

क्या है सत्तू का इतिहास और क्यों इसे बिहार का टॉनिक कहा जाता है, चलिए आपको बताते है.   

ये भी पढ़ें: दाल बाफला से लेकर जलेबा तक, ये हैं इंदौर में मिलने वाले 10 फ़ेमस स्ट्रीट फ़ूड 

सत्तू का इतिहास (Sattu History)

Sattu
Source: recipes

सत्तू की उत्पत्ति की कई कहानियां हैं. कहते हैं कि इसकी उत्पत्ति तिब्बत में हुई. वहां के बौद्ध भिक्षु ज्ञान की तलाश में दूर-दूर तक ट्रैवल करते थे, इसलिए वो खाने के रूप में सत्तू का प्रयोग करते थे. वो इसे Tsampa कहते थे. कुरान में भी सत्तू (जौ का सत्तू) का ज़िक्र किया गया है. सत्तू भारत का सबसे पुराना इंस्टैंट फूड है. बताया जाता है कि कारगिल युद्ध में भी इसने अहम भूमिका निभाई. लद्दाख स्काउट्स की रेजिमेंट के फ़ूड की लिस्ट में इसका नाम भी शामिल था. साथ ही वीर शिवाजी ने भी गुरिल्ला युद्ध के दौरान अपनी सेना को सत्तू दिया था.

ये भी पढ़ें: अगर दिन भर रहना है एनर्जी से भरपूर तो अपनी डाइट में इन 9 हेल्दी फ़ूड आइटम्स को शामिल करें 

बिहार का टॉनिक सत्तू (Sattu)

Sattu benefits
Source: FirstCry

बिहार के ग़रीब तबके के लोग इस सुपर फ़ूड को इतिहास से आज तक सेवन करते आ रहे हैं. वहां ज़्यादातर मज़दूर तबके के लोग इसका नाश्ता कर काम पर निकल जाते थे. यही नहीं दोपहर के भोजन में भी वो सत्तू का सेवन करते. इसे खाने से शरीर को बहुत ऊर्जा मिलती है. इसी कारण मज़दूर तबके के लोग सत्तू खाकर पूरा दिन निकाल देते हैं. पोषक तत्वों से भरपूर होने के साथ-साथ जेब पर भी भारी नहीं पड़ता और इसको आसानी से कहीं भी लेकर जा सकते हैं. इसे पकाने की भी ज़रूरत नहीं है. इसे तुरंत तैयार कर खा सकते हैं. बिहार में गर्मी के दिनों में भी ये हर जगह बिकता है. (Sattu History)

कैसे बनता है सत्तू? (How To make Sattu)

Sattu
Source: india

सत्तू (Sattu) का आटा भुने हुए चने से तैयार किया जाता है. इसमें जौ, मकई आदि अनाज भी मिला दिए जाते हैं, जो इसकी पोषण क्षमता को बढ़ा देता है. सत्तू में भरपूर मात्रा में प्रोटीन होता है.

सत्तू के फ़ायदे (Sattu Benefits)

गर्मियों से बचाता है  

Sattu
Source: blogspot

सत्तू खाने से गर्मियों में लू नहीं लगती. ये शरीर को ठंडा रख उसके तापमान को बढ़ने से रोकता है. इसलिए गर्मी में ये बिहार के चौक-चौराहे पर खूब बिकता है. खासकर इसका शरबत लोग खूब पसंद करते हैं.

पोषण से है भरपूर  

history of Sattu
Source: pureecoindia

ये प्रोटीन, फ़ाइबर, कैल्शियम, आयरन, मैंगनीज और मैग्नीशियम से भरपूर होता है. इसलिए इसे संपूर्ण भोजन भी कहा जाता है. 

पाचन तंत्र के लिए है फ़ायदेमंद

history of Sattu
Source: femina

सत्तू खाने से एसिडिटी की समस्या दूर रहती है और पचाने में आसान होता तो कब्ज़ भी नहीं होती. इसमें मौजूद फ़ाइबर आंतों को स्वस्थ रखता है. 

वज़न कम करने में करता है मदद

weight loss
Source: reverehealth

सत्तू खाने से वज़न कंट्रोल में रहता इस तरह ये मोटापा दूर करने में भी सहायक है. ये एक्स्ट्रा कैलोरीज़ को बर्न करने में भी हेल्प करता है. 

बीमारियों से लड़ने में मदद करता है  

Helps fight diseases
Source: pfizer

डायबटीज़ के मरीज़ों के लिए ये बहुत ही लाभदायक है. इसे खाने से लिवर मजबूत होता है. ब्लड प्रेशर के मरीजों के लिए सत्तू बहुत फ़ायदेमंद होता है.

आज से आप भी सत्तू खाना शुरू कर दो.