यूपी में एक महिला कॉन्स्टेबल की सूझबूझ के चलते एक बहुत बड़ा हादसा टल गया. मामला गाज़ियाबाद विकास प्राधिकरण का है, जिसके एक ट्रक में 15-20 कर्मचारी वापस लौट रहे थे. इसी बीच अचानक ट्रक ड्राइवर को हार्ट अटैक आ गया, जिसके चलते ट्रक अनियंत्रित होने लगा. ड्राइवर के पास बैठी 34 वर्षीय महिला कॉन्स्टेबल ने स्थिति को भांपते हुए ट्रक का स्टीयरिंग संभाला और तुरंत ब्रेक लगाकर लोगों की जान बचाई.

हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, गाज़ियाबाद विकास प्राधिकरण का सचल दस्ता उस ट्रक में सवार था. उसमें बैठ कर्मचारी अकबरपुर-बहरामपुर में बने एक अवैध टावर को सील कर वापस आ रहे थे.

female home guard saves lives
Source: hindustantimes

इस ट्रक में महिला कॉन्स्टेबल मंजू उपाध्याय भी सवार थीं. उन्होंने देखा कि ड्राइवर बेहोश होकर ट्रक के स्टीयरिंग पर गिर गया. मंजू ने उसे आवाज़ लगाई, लेकिन उसने कोई जवाब नहीं दिया. ट्रक दूसरी दिशा में जाने लगा, जहां सामने कुछ बच्चे खेल रहे थे. मंजू ने स्थिति का अंदाज़ा लगाते हुए ट्रक के स्टीयरिंग को संभाल लिया और तुरंत ब्रेक लगा दिए. आनन-फ़ानन में ट्रक ड्राइवर को अस्पताल में भर्ती किया गया, जहां डॉक्टर्स ने उसे मृत घोषित कर दिया.

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मंजू की समझदारी के चलते 15-20 लोगों की जान बच गई. Ghaziabad Development Authority (GDA)ने उनकी सूझबूझ की सराहना की है. GDA के सेक्रेटरी एस. के. रॉय ने कहा-'मंजू के प्रजे़ंस ऑफ़ माइंड की जितनी सराहना की जाए कम है. उनकी वजह से एक बड़ा हादसा होने से टल गया. ड्राइवर को अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन तब तक उसका निधन हो चुका था. हम उनके परिवार को उचित मुआवज़ा दिलाने की पूरी कोशिश करेंगे.'

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Source: financialexpress

मंजू उपाध्याय बतौर महिला कॉन्स्टेबल गाज़ियाबाद विकास प्राधिकरण में तैनात हैं. उन्होंने समाजशास्त्र में पोस्ट ग्रेजुएशन की है. उन्हें गाज़ियाबाद के अलग-अलग थानों में तैनात किया जाता रहता है.

अपनी सूझबूझ के ज़रिए लोगों की जान बचाने वाली इस महिला कॉन्स्टेबल को सल्यूट.