बीते गुरुवार को दिल्ली के पीरागढ़ी में उद्योग नगर स्थित एक फ़ैक्ट्री में भीषण आग लग गयी थी. इस घटना में 1 शख़्स की मौत जबकि 14 लोग घायल हो गए थे.

गुरुवार की तड़के सुबह क़रीब साढ़े 4 बजे आग की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की 35 गाड़ियां घटनास्थल पर पहुंच गई. इस दौरान दमकल कर्मियों ने अपनी जान पर खेलकर सभी लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने में अहम भूमिका निभाई, लेकिन अफ़सोस इस दौरान लोगों की जान बचाने वाला एक दमकलकर्मी ख़ुद की जान गंवा बैठा.

Source: timesofindia

इस घटना में घायल 'दिल्ली फ़ायर सर्विसेज़' के फ़ायर ऑपरेटर 28 वर्षीय अमित बालयान को बचाया नहीं जा सका. घायल अमित को तुरंत नज़दीकी अस्पताल भर्ती किया गया था, लेकिन वहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.

मूल रूप से यूपी के मुज़फ़्फ़रनगर निवासी अमित ने पिछले साल फ़रवरी महीने में ही 'दिल्ली फ़ायर सर्विसेज़' में फ़ायर ऑपरेटर की नौकरी शुरू की थी. तीन महीने बाद ही अमित ने यूपी पुलिस में कान्स्टेबल शिवानी से शादी की थी. सब कुछ ठीक चल रहा था, लेकिन गुरुवार का दिन उनके लिए काल बनकर आया और सब कुछ तबाह करके चला गया.

Source: thequint

दिल्ली पुलिस में सब इंस्पेक्टर के पद पर कार्यरत अमित के पिता 56 वर्षीय बाबू राम बताते हैं कि, बुधवार को ही उनकी बेटे अमित से बात हुई थी. सब कुछ ठीक चल रहा था. बाबू राम उस दर्दनाक हादसे को याद करते ही सिहर उठते हैं.

बाबू राम कहते हैं कि मुझे फ़ोन आया कि अमित पीरागढ़ी में उद्योग नगर स्थित एक फ़ैक्ट्री में फंसा हुआ है. इसके बाद मैं घर में बिना किसी को कुछ बताए सीधे उस जगह पहुंचा तो देखा कि वहां का भयानक नज़ारा देख मैं हैरान रह गया. फ़ैक्ट्री धू-धूकर जल रही थी, लोग अपनी जान बचाने के लिए चिल्ला रहे थे. इस दौरान पता चला कि लोगों को बचाने के लिए फ़ैक्ट्री के अंदर गया मेरा बेटा अमित वहां फंसा हुआ है.

Source: asiavillenews
एक-एक करके लोगों को बाहर निकाला जा रहा था, मैं परेशान था कि मेरा बेटा किस हाल में होगा. इस दौरान जिस किसी को भी बाहर निकालकर लाया जा रहा था मुझे लग रहा था वो मेरा बेटा है. करीब दोपहर के 3 बजे भारी मशक्क़त के बाद अंत में मेरे बेटे अमित को घायल अवस्था में बाहर निकाला गया.

इसके बाद उसे तुरंत ऐम्बुलेंस से नज़दीकी अस्पताल 'श्री बालाजी एक्शन मेडिकल कॉलेज' ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया. इसी महीने में अमित 29 साल का होने जा रहा था.

दिल्ली फ़ायर सर्विसेज़ के अधिकारीयों का कहना है कि साल 2017 के बाद ऐसा पहली बार हो रहा है जब 'दिल्ली फ़ायर सर्विसेज़' के किसी कर्मचारी ने ऑन ड्यूटी जान गंवाई हो. अमित कीर्ति नगर फ़ायर स्टेशन में तैनात था.

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने अमित बालयान के परिवार को 1 करोड़ रुपये की मदद की है.