दिल्ली के एक प्राइवेट अस्पताल में कोविड 19 से एक नर्स की मौत के बाद उसके सहकर्मियों ने अस्पताल प्रशासन पर बेहद संगीन आरोप लगाये हैं. अम्बिका के सहकर्मियों का कहना है कि जहां डॉक्टर्स को नये PPE किट्स दिये गये, वहीं नर्सों से इस्तेमाल किए जा चुकी PPE किट्स ही पहनने को कहा गया.

The Indian Express की रिपोर्ट के मुताबिक़, कालरा अस्पताल की नर्स अम्बिका पी.के की बीते रविवार, दिल्ली के सफ़दरजंग अस्पताल में मौत हो गई. बीते 21 मई को अम्बिका अस्पताल में भर्ती हुई थीं. दिल्ली में कोविड19 की वजह से जान गंवाने वाली पहली नर्स हैं अम्बिका.  

अम्बिका के 10 सहकर्मियों और उनके बेटे से बात-चीत में The Indian Express को ये बात पता चली.

'डॉक्टर्स को फ़्रेश PPE किट्स दिए गए पर नर्सों को इस्तेमाल किए हुए PPE किट्स पहनने को कहा गया. हमने विरोध किया तो हमसे कहा गया कि क्योंकि कालरा अस्पताल, कोविड अस्पताल नहीं है तो हम रिस्क में नहीं हैं और हम PPE किट्स का दोबारा इस्तेमाल कर सकते हैं.' - कालरा अस्पताल की एक नर्स  

Source: Huffington Post India

कालरा अस्पताल के मालिक, डॉ. आर.एन.कालरा ने सभी आरोपों से इंकार किया है.  

मेरे पास अब तक कोई शिकायत नहीं आई है. अगर आरोपों में सच्चाई मिलती है तो मैं जांच करके कड़ी कार्रवाई करूंगा. 

                    - डॉ. आर.एन.कालरा

कालरा अस्पताल की एक नर्स ने ये भी बताया कि लगभग एक हफ़्ते पहले, 'नये PPE और मास्क' को लेकर कालरा अस्पताल के नर्सिंग इन्चार्ज से अम्बिका की बहस हुई. अम्बिका की दोस्त और सहकर्मी का कहना है कि वो 18 मई तक काम कर रही थी, उन्होंने मॉर्निंग शिफ़्ट की, बीमार महसूस करने की वजह से उन्होंने नाईट शिफ़्ट नहीं की. 19 मई को भी उनकी तबियत ठीक नहीं थी और 21 मई को उन्हें लेने में दिक्कत की शिकायत के साथ सफ़दरजंग अस्पताल में भर्ती किया गया. 24 मई को उनकी मौत हो गई. 

दिल्ली में अम्बिका अपनी बेटी के साथ रहती थीं, उनका बेटा केरल में रहता था और पति मलेशिया में. अम्बिका के बेटे ने The Indian Express से बातचीत में कहा, 

'मेरी मां की हालत इतनी जल्दी बिगड़ी की कुछ समझ ही नहीं आया. मुझे समझ नहीं आ रहा था कि मैं वहां जल्द से जल्द उनके पास कैसे जाऊं? लगभग 1 हफ़्ते पहले उन्होंने बताया था कि अस्पताल वाले उन्हें इस्तेमाल किये हुए PPE का ही दोबारा इस्तेमाल करने पर मजबूर कर रहे हैं. मुझे ग़ुस्सा आ गया और मैंने उन्हें घर पर ही रहने को कहा पर वे अस्पताल जाती रहीं और अब उनकी मौत हो चुकी है.' 

बीते सोमवार को केरल के सांसद Anto Antony ने अम्बिका की मृत्यु पर प्रधानमंत्री मोदी और दिल्ली के मुख्यमंत्री, केजरीवाल को पत्र लिखा. ख़त में सांसद ने अम्बिका के परिवार को 50 लाख का इंश्योरेंस देने की बात लिखी और प्राइवेट अस्पताल में प्रोटेक्टिव गियर और N95 मास्क न देने की बात भी लिखी.


राज्य सभा सांसद K.K.Ragesh ने भी मुख्यमंत्री केजरीवाल को पत्र लिखा.  

कालरा अस्पताल में काम कर रहे सीनियर नर्स ने बताया कि उनमें से बहुतों ने काम पर न जाने का फैसला किया है.

आज अम्बिका कल को मैं. मैंने अम्बिका की मौत के बाद से काम पर रिपोर्ट नहीं किया है. हमारे पड़ोसियों को उनके पास नर्स का रहना भी खटक रहा है.   

                    - अम्बिका की सहकर्मी

Source: Manorama Online

इस नर्स ने भी आरोप लगाया है कि बीते 2 महीने से वे इस्तेमाल किए हुए PPE को ही दोबारा इस्तेमाल कर रहे थे. नर्स ने ये भी कहा कि उनमें से कुछ ने PPE का इस्तेमाल ही बंद कर दिया था.


एक अन्य सीनियर नर्स ने बताया कि एक बार ICU के एक डॉक्टर ने उन्हें अंदर जाने से रोक दिया था. उसने इस्तेमाल किए हुए PPE को फाड़ दिया था और कहा था कि इस्तेमाल किए हुए PPE के दोबारा इस्तेमाल से वो नर्स, स्टाफ़ या मरीज़ किसी के लिए भी सेफ़ नहीं है. नर्स ने ये भी बताया कि वो OT गाउन पहनकर काम कर रहे थे. उन्हें N95 की जगह, वॉशेबल मास्क दिए जा रहे थे. 

भारत कोविड प्रभावित देशों में विश्व में 10वें नंबर पर पहुंच गया है. ऐसे में इस तरह की लापरवाही कई प्रश्न खड़े करती है.