पूरी दुनिया समेत देशभर में कोरोना वायरस के मामले तेज़ी से बढ़ रहे हैं. सरकार बार-बार समझा रही है कि सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करें और बेहतर है कि घर पर ही रहें, लेकिन कुछ लोगों को ये बात समझ नहीं आ रही है. वो ख़ुद तो संक्रमित हो ही रहे साथ में दूसरों की ज़िंदगी भी खतरे में डाल रहे हैं. ऐसा ही कुछ राजस्थान के भीलवाड़ा में भी हुआ है. यहां एक शादी समारोह में शामिल हुए 16 लोग संक्रमित हो गए, जिनमें से एक की मौत भी हो गई.

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इस तरह के गैर-ज़िम्मेदाराना रवैये पर सरकार ने सख़्त कदम उठाया है. कोरोना वायरस सेफ़्टी नियमों का उल्लंघन करने पर दूल्हे के परिवार पर 6 लाख से ज़्यादा का जुर्माना लगाया गया है. इसके साथ ही संक्रमितों के इलाज का ख़र्च भी दूल्हे के परिवार को उठाना होगा. इतना ही नहीं, 58 लोग जो क्वारंटीन किए गए हैं, उनके खाने, आइसोलेश वॉर्ड की सेवाओं और उनके द्वारा जो एंबुलेंस का इस्तेमाल किया जाएगा, उसका पैसा भी परिवार से ही वसूला जाएगा.

दरअसल, भीलवाड़ा के भदादा इलाक़े में 13 जून को भव्य शादी का आयोजन किया गया था. शहर के जाने-माने व्यवसायी और दूल्हे के पिता ने अपने बेटे की शादी के दौरान सभी सुरक्षा प्रोटोकॉल मास्क, सैनिटाइजर और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने का संकल्प लिया था. प्रशासन ने भी 50 से कम लोग बुलाए जाने की शर्त पर अनुमति दी थी. लेकिन शादी में नियमों की धज्जियां उड़ाई गईं.

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जिला प्रशासन को 19 जून को पता चला कि मेहमानों में से एक कोरोना पॉज़िटिव पाया गया है. जब ट्रेस किया गया तो पता चला कि कि दूल्हा, दुल्हन और दूल्हे के पिता और दादा समेत 16 लोग संक्रमित थे. दूल्हे के दादा की इस वजह से मौत भी हो गई. शादी में शामिल हुए 58 मेहमानों को सरकारी सुविधा में क्वारंटीन भी करना पड़ा.

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कथित तौर पर शादी के दौरान तीन समारोह आयोजित किए गए थे और 1 हज़ार से ज़्यादा मेहमान शामिल हुए, जबकि नियम है कि 50 से ज़्यादा शामिल नहीं हो सकते. मामले को गंभीरता से लेते हुए भीलवाड़ा जिला कलेक्टर ने दूल्हे के परिवार पर जुर्माना लगाया. राजस्थान महामारी रोग और राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत सुरक्षा प्रोटोकॉल की अवहेलना और दिशानिर्देशों का उल्लंघन करने के आरोप में परिवार पर एफ़आईआर दर्ज की गई.

बता दें, कोरोना वायरस संक्रमण पर प्रभावी नियंत्रण के लिए 'भीलवाड़ा मॉडल' की चर्चा देश भर में हुई थी. ऐसे में इस तरह के मामले प्रशासन और लोगों के लिए चिंता का विषय बनते हैं.