दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट ने 2017 के उन्नाव केस में बरख़ास्त किए गए विधायक कुलदीप सिंह सेंगर को दोषी क़रार दिया है.


सेंगर को एक नाबालिग लड़की के रेप में 19 दिसंबर को सज़ा सुनाई जायेगी.

Source: India TV News

बीते 28 जुलाई को सर्वाइवर की कार की दुर्घटना हो गई थी, जिसके बाद सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर केस को लखनऊ से दिल्ली ट्रांसफ़र किया गया था. ज़िला न्यायाधीश धर्मेश शर्मा के सामने 5 अगस्त से रोज़ाना केस की सुनवाई हुई. सर्वाइवर ने सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश, रंजन गोगोई को चिट्ठी लिखी थी जिसके बाद गोगोई ने उन्नाव केस से जुड़े सभी मामलों को लखनऊ से दिल्ली ट्रांसफ़र करने और 45 दिनों में जांच ख़त्म करने के निर्देश दिए थे.

Source: Live Hindustan

सर्वाइवर के पिता को 3 अप्रैल, 2018 को तथाकथित तौर पर 'ग़ैरक़ानू नी आर्म्स एक्ट' में फ़ंसाया गया था. 9 अप्रैल को उनकी पुलिस कस्टडी में मौत हो गई थी.


रिपोर्ट्स के अनुसार, उत्तर प्रदेश के बांगरमऊ क्षेत्र से 4 बार विधायक रहे सेंगर को अगस्त 2019 में बीजेपी से निकाल दिया गया. बीते 9 अगस्त को सेंगर पर सेक्शन 120बी, 363, 366, 376 और पोक्सो एक्ट के अलग-अलग सेक्शन के तहत चार्ज लगाये गये.

रिपोर्ट्स के अनुसार सेंगर को अपने ग़ुनाहों के लिए उम्रक़ैद की सज़ा हो सकती है.