Padma Shri Award: बीते 21 मार्च को 'राष्ट्रपति भवन' के 'अशोका हॉल' में आयोजित 'पद्म अवार्ड समारोह' के दौरान 125 साल के स्वामी शिवानंद (Swami Sivananda) आकर्षण का केंद्र रहे. स्वामी शिवानंद को भारतीय जीवन पद्धति और योग के क्षेत्र में विशिष्ट योगदान के लिए 'पद्मश्री' सम्मान से सम्मानित किया गया है. इस दौरान वो नंगे पैर अवॉर्ड लेने पहुंचे थे. पद्मश्री के लिए अपने नाम की घोषणा सुनते ही उन्होंने कुछ ऐसा किया जिसे देख वहां मौजूद हर कोई हैरान रह गया है.

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Swami Sivananda Receiving Padma Shri
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दरअसल, 125 साल के स्वामी शिवानंद पुरस्कार लेने से पहले सीधे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) के पास जा पहंचे और उनके सामने घुटनों के बल नतमस्तक हो गये. उनकी ये भावना देखकर पीएम मोदी से भी रहा नहीं गया और वो भी अपनी कुर्सी से उठकर वृद्ध योगी के सामने झुक गये. पीएम मोदी के बाद स्वामी शिवानंद ने राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद (Ram Nath Kovind) के प्रति भी इसी तरह से सम्मान व्यक्त किया. बदले में राष्ट्रपति ने भी झुककर उन्हें उठाया और 'पद्मश्री' सम्मान से नवाजा.

कौन हैं स्वामी शिवानंद? 

स्वामी शिवानंद (Swami Sivananda) के पासपोर्ट के मुताबिक़ उनका जन्म 8 अगस्त, 1896 को बंगाल में हुआ था. इस हिसाब से वर्तमान में उनकी उम्र 125 साल से अधिक बनती है. बताया जाता है कि उनके माता-पिता ने आर्थिक तंगी के चलते उन्हें 4 साल की उम्र में बाबा ओंकारानंद गोस्वामी को दान कर दिया था. 6 साल की उम्र में शिवानंद के माता-पिता और बहन की मौत हो गई थी. गुरु ओंकारानंद से दीक्षा लेने के बाद 29 साल की उम्र में स्वामी शिवानंद लंदन चले गये.

Swami Sivananda Passport
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सुबह 3 बजे उठकर करते हैं योग

21वीं सदी में इंसान के लिए 100 साल तक जीवित रहना भी असंभव सा लगता है, लेकिन स्वामी शिवानंद ने योग के माध्यम से इस मिथक को तोड़ दिया है. स्वामी शिवानंद 125 साल की उम्र में भी पूरी तरह से स्वस्थ हैं. वो पिछले 100 से अधिक सालों से लगातार योग करते आ रहे हैं. बाबा सुबह 3 बजे उठ जाते हैं और घंटों योग करते हैं. वो केवल उबला भोजन और सब्ज़ी ही खाते हैं.

Swami Sivananda Yoga
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वाराणसी में चलाते हैं 'शिवानंद' आश्रम

वाराणसी के रहने वाले स्वामी शिवानंद दुर्गाकुंड इलाक़े में 'शिवानंद' नाम का आश्रम चलाते हैं. उन्हें हमेशा से ही योग और धर्म में खासी रुचि रही है. योग के लिए अपना पूरा जीवन न्योछावर कर देने वाले स्वामी शिवानंद अपने विनम्र व्यक्तित्व से सबके लिए प्रेरणास्रोत हैं. राष्ट्रपति भवन में दंडवत प्रणाम से चर्चा में आए स्वामी शिवानंद के बारे में आज हर कोई जानना चाहता है. खासतौर पर उनकी लंबी आयु का राज जानने में लोगों की दिलचस्पी है.

Swami Sivananda
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सेक्स और मसालों के सेवन से दूर

स्वामी शिवानंद (Swami Sivananda) ने कुछ साल पहले अपने एक इंटरव्यू में बताया था कि, वो रोजाना य़ोग करने के अलावा सेक्स और मसालों के सेवन से दूर रहते हैं. उनका मानना है कि योग जैसी पद्धतियों को अपनाकर लोग निरोग लंबा जीवन जी सकते हैं. रोजाना योग करने के चलते ही वो आज 3 सदियां देख चुके हैं. इसके अलावा उन्होंने अपनी ज़िंदगी को योग और भारतीय जीवन पद्धति को समर्पित कर दिया है.

Swami Sivananda

Swami Sivananda
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कोलकाता की न्यूज़ एजेंसी AFP से बातचीत में स्वामी शिवानंद ने कहा था, 'मैं सादगी भरी और अनुशासित ज़िंदगी जीता हूं. मैं बेहद सादा भोजन करता हूं, जिसमें सिर्फ़ उबला खाना शामिल होता है. इसमें किसी भी तरह का तेल या फिर मसाला नहीं होता है. मैं आमतौर पर दाल, चावल और हरी मिर्च खाता हूं. दूध व फल नहीं खाता हूं क्योंकि ये सब फैन्सी भोजन हैं. मैं सिर्फ़ एक चटाई पर ही सोता हूं'.

Swami Sivananda Yoga
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मुझे तकनीक से जुड़ने में कोई रुचि नहीं है और पुराने ढंग से ही जीवन जीना पसंद हैं. पहले लोग कम चीज़ों के साथ ही ख़ुश रहते थे. आज लोग नाखुश हैं, बीमार हैं और ईमानदारी भी कम हो गई है. इससे मुझे बहुत दुख होता है. मैं चाहता हूं कि लोग ख़ुश रहें, स्वस्थ रहें और शांतिपूर्ण जीवन गुजारें.  
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54 साल की उम्र में अपनी दमदार फ़िटनेस से युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बॉलीवुड स्टार अक्षय कुमार भी 126 साल के योग गुरु स्वामी शिवानंद की फिटनेस के मुरीद बन गये हैं. अक्षय ने बाबा का वीडियो भी शेयर किया है.

स्वामी शिवानंद (Swami Sivananda) योग के सिलसिले में इंग्लैंड, ग्रीस, फ्रांस, स्पेन, ऑस्ट्रिया, इटली, हंगरी, रूस, पोलैंड, आयरलैंड, नीदरलैंड, स्विट्जरलैंड, जर्मनी और बुल्गेरिया समेत 50 से अधिक देशों का भ्रमण कर चुके हैं.

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