Women's Day 2022: महिलाएं (Women) काफ़ी सेंसिटिव होती हैं. भले ही धीरे-धीरे वक़्त बदल रहा हो, लेकिन आज भी उन्हें समाज की तरफ़ से काफ़ी प्रेशर का सामना करना पड़ता है. लड़की अगर पब्लिक में ज़ोर से हंस भी दे, तो भी उसे लोग घूर-घूर कर देखने लगते हैं. मानो उसने बहुत बड़ा गुनाह कर दिया हो. महिलाएं चाहे कितनी भी मज़बूत और आत्मनिर्भर हो जाएं, लेकिन समाज उन पर बंधन और रोक-टोक करने में कोई कसर नहीं छोड़ता. हालांकि, पहले के समय से स्थिति काफ़ी बेहतर है और उम्मीद है कि आने वाले समय में और भी कहीं ज़्यादा सुधार आएगा।

ऐसा ज़्यादातर महिलाओं ने फ़ेस किया होगा. हमने यहां कुछ चीज़ों की लिस्ट बनाई है, जिनके लिए किसी भी महिला को ख़ुद को क़सूरवार नहीं ठहराना चाहिए. साथ ही इन चीज़ों के लिए आपको दुनिया से माफ़ी मांगने की भी ज़रूरत नहीं है. (Womens Day 2022)

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Womens Day 2022

1. 'गर्ली' या 'मैनली' चीज़ें पसंद करने के लिए.  

आपकी जो मर्ज़ी है, आप वो करिए. ये आपकी ज़िंदगी है और आप इसे कैसे जिएंगी, ये फ़ैसला पूरी तरह आपका है. चाहे आपको बाइक चलाने में इन्ट्रेस्ट हो या खाना बनाने में. कोई भी चीज़ 'गर्ली' या 'मैनली' नहीं होती, ये सब समाज के बनाए चोंचले हैं.

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2. सेक्स में दिलचस्पी न लेने के लिए

कई बार महिलाओं की सेक्स में दिलचस्पी नहीं होती और उसके लिए वो ख़ुद को गुनाहगार मानती हैं या अपने पार्टनर से माफ़ी मांगती हैं. ये बिल्कुल ग़लत है. किसी भी महिला को कभी भी ऐसा फ़ील नहीं करना चाहिए कि उसकी जॉब किसी को ख़ुश रखने की है.

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3. मेकअप न करने के लिए

बहुत बार लोग महिलाओं को ताना मारते हैं कि 'लड़की हो, थोड़ा सज-धज के रहा करो'. डियर वुमन, इन सारे तानों को इग्नोर करने का वक़्त आ गया है. आपकी स्किन ख़ूबसूरत है और इस पर नाज़ करो. मेकअप करना पसंद है, तो शौक से करिए. अगर नहीं पसंद है, तो भी ये आपकी चॉइस है. (Womens Day 2022)

indian women no makeup
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4. सेल्फ़िश होने के लिए

ये बिल्कुल नॉर्मल है कि अगर आपको फ़ैमिली या फ्रेंड्स से दूर, ख़ुद के लिए एक 'Me Time' चाहिए. ये भी बिल्कुल नॉर्मल है कि थकावट भरे दिन के बाद आपको कहीं बाहर जाने का मन नहीं है. आप कोई भी प्लान पोस्टपोन कर सकती हैं. इसके लिए अगर आपको सेल्फ़िश कहा जाता है, तो कोई बात नहीं. आपकी ख़ुशी सबसे ज़्यादा मायने रखती है, इसके लिए अफ़सोस मत करिए.

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5. अपने करियर को तवज्जो देने के लिए

जब बात लाइफ़ चॉइसेस की आती है, तो कई बार महिलाओं को फ़ैमिली या पार्टनर की तरफ़ से प्रेशर झेलना पड़ता है. एक बेबी होने के बाद तो ये फ़ैसला और भी मुश्किल हो जाता है. दिमाग़ में इस बारे में कई लोग ओवरथिंकिंग भी करने लगते हैं. हालांकि, इसमें आपकी एक परसेंट भी ग़लती नहीं है. अपने करियर को प्रायोरिटी पर रखना और लगातार आगे बढ़ने के लिए आपको माफ़ी मांगने की ज़रूरत नहीं है. (Womens Day 2022)

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6. अपने पार्टनर को बेबी फ़ीड ना करा कर उसे उसकी ज़िम्मेदारी का एहसास कराना

ये काफ़ी कॉमन है. पार्टनर्स एक-दूसरे को आगे बढ़ने के लिए मोटिवेट करते हैं. लेकिन उसको बेबी फ़ीड कराना या हर चीज़ हाथ में देना, आपका काम नहीं है. ध्यान रखें एक रिलेशनशिप में 50-50 प्रतिशत साझेदारी मेल और फ़ीमेल दोनों की होती है.  

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7. अपना ओपिनियन देना

आप जो भी फ़ील करती हैं, उसके लिए स्टैंड लेना आपका अधिकार है. महिलाओं को अपने आपको एक्सप्रेस करने से कई बार रोका जाता है. पर ऐसा ग़लत है. आप अपने विचार ख़ुलकर सामने रखिए. कुछ भी ग़लत लगता है, तो उसे कहने से मत कतराइए.

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8. अपने बॉडी वेट के लिए

किसी को भी आपको ये बताने का अधिकार नहीं है कि आप ओवरवेट हैं, पतली हैं, या फ़िट हैं. अगर वो ऐसा करते हैं, तो उन्हें जवाब देने का आपका पूरा हक़ है. ख़ुद को स्वीकार करना सीखिए. आप जैसी भी हैं, बेस्ट हैं.

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9. बच्चे न करने के लिए

बच्चा करना या न करना आपकी चॉइस है. अगर आप नहीं करने का फ़ैसला लेती हैं, तो इसके लिए आपको शर्मिंदा होने की ज़रूरत नहीं है. बिना बच्चे या पार्टनर के भी आप कंप्लीट महसूस कर सकती हैं और ये नॉर्मल है.

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10. अपनी ज़िंदगी खुल कर जीने के लिए

ऐसा आख़िरी बार कब हुआ था, जब समाज की परवाह किए बगैर आपने खुल कर डांस किया, गाना गाया या मज़े किए थे? कब आपने 'लोग क्या कहेंगे' के बारे में न सोचकर ख़ुद की ज़िंदगी खुल कर जी थी? समाज की परवाह करना छोड़कर, अब ख़ुद की परवाह करने का समय आ गया है. ख़ुद से प्यार कीजिए, ज़िंदगी ख़ुद आपसे प्यार करने लगेगी.

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 कभी भी जो आप चाहती हैं, उसे करने के लिए अफ़सोस मत करिए.