'क़ाबिल बनो, क़ामयाबी झक मारकर पीछे भागेगी'

'3 इडियट्स' का ये डायलॉग Graphic Artist करन आचार्य पर बिल्कुल फ़िट बैठता है. कल तक जिसे कोई नहीं जानता था, आज हर जगह उसी का ज़िक्र हो रहा है.

हाल ही में 32 वर्षीय करन ने एक ग़रीब परिवार को कृष्ण के परिवार में बदल दिया था, जिसके बाद दुनियाभर में उन्होंने ख़ूब तारीफ़ें बटोरी. आर्टिस्ट द्वारा बनाई गई फ़ोटो को 24 हज़ार री-ट्वीट और 159.7 हज़ार लाइक्स मिले. आलम ये था कि सोशल मीडिया पर जिधर नज़र मारो उधर करन की बनाई हुई फ़ोटो दिख रही थी.

चलिये इस बात पर इस उम्दा कलाकार के बारे में थोड़ा जान लेते हैं

एक इंटरव्यू के दौरान करन ने बताया कि वो बचपन से ड्राइंग के शौक़ीन हैं. उनकी स्कूलिंग केरल के कासरगोड से पूरी हुई है. स्कूल में भी वो सिर्फ़ स्केच या फिर कैनवास पेंटिंग बनाते. आर्ट से उन्हें इतनी मोहब्बत थी कि उसके सिवा उन्हें कुछ और सूझता ही नहीं था. इसके अलावा वो बहुत सारी पौराणिक कहानियों को भी पढ़ते थे. इसलिये उनकी ज़्यादातर पेंटिग्स Mythological बैकग्राउंड पर बनी हुई हैं.

पहली बार करन सुर्खियों में 2017 में आये थे. उनकी बनाई हुई भगवान हनुमान की पेंटिग्स ने काफ़ी लोकप्रियता बटोरी. कर्नाटक रैली के दौरान पीएम मोदी ने भी उनकी पेंटिग की काफ़ी तारीफ़ की थी. इस बारे में बात करते हुए करन ने बताया कि उन्होंने वो पेंटिग 2015 में बनाई थी, जो कि 2017 में अचानक वायरल हो गई.

View this post on Instagram

Done... 😍😍 #mahadeva #babyshiva #request #quickart

A post shared by Kiran Kumar K (@karanacharya.kk) on

आगे उन्होंने ये भी बताया ये सब करने की प्रेरणा उन्हें महान कलाकार राजा रवि वर्मा से मिलती है. करन सुबह 9:30 से लेकर 7 बजे तक BYJU’S के लिये Concept आर्टिस्ट के तौर पर काम करते हैं. इसके बाद वो अपनी कलाकृतियां बनने में जुट जाते हैं. अच्छी बात है कि लोगों के लिये वो ये काम निशुल्क करते हैं.

Life के और आर्टिकल्स पढ़ने के लिये ScoopWhoop Hindi पर क्लिक करें.